औराई, भदोही।औराई तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा सारीपुर, राजस्व ग्राम महदेपुर निवासी उमाशंकर मौर्य सहित अन्य भूमिधरों ने राजस्व विभाग द्वारा किए गए कथित गलत सीमांकन/नापी को लेकर उपजिलाधिकारी औराई को शिकायती प्रार्थना-पत्र सौंपा है। पीड़ितों ने आरोप लगाया है कि नापी में गंभीर त्रुटि के कारण उनकी वैध भूमि को दूसरे खातेदार की भूमि में शामिल कर दिया गया है।

प्रार्थना-पत्र में बताया गया है कि उमाशंकर मौर्य के नाम खसरा-खतौनी में गाटा संख्या 43 (रकबा 3 बिस्सा) तथा गाटा संख्या 85 व 86 (लगभग 2 बिस्सा) दर्ज है, जिस पर वह और उसका परिवार बीते लगभग 50 वर्षों से शांतिपूर्वक काबिज होकर खेती करता आ रहा है।आरोप है कि हाल ही में कानीगोह लेखपाल द्वारा कराए गए सीमांकन में उषा देवी पत्नी सुरेंद्र कुमार, निवासी महदेपुर की भूमि को गलत तरीके से प्रार्थी की भूमि में शामिल कर दिया गया, जिससे उसके भूमिधरी अधिकारों का हनन हुआ है।पीड़ित का कहना है कि यह कार्य न केवल नियमों के विरुद्ध है, बल्कि राजस्व अभिलेखों में गंभीर लापरवाही अथवा हेरफेर की ओर भी इशारा करता है। गलत सीमांकन के कारण उन्हें मानसिक, आर्थिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।प्रार्थी ने उपजिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने, दोषी लेखपाल/कर्मचारी के विरुद्ध शासनात्मक कार्रवाई करने तथा वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में पुनः सीमांकन कराए जाने की मांग की है, ताकि न्यायसंगत समाधान हो सके।प्रार्थना-पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि संपत्ति के वैधीकरण की प्रक्रिया पूर्ण करने हेतु संबंधित विभागीय वेबसाइट पर आवेदन पहले ही किया जा चुका है।



