
मुंबई (इंद्र यादव) मुंबई कस्टम्स जोन-III के अधिकारियों ने तस्करी के खिलाफ अपनी मुस्तैदी दिखाते हुए पिछले पांच दिनों (11 मार्च से 15 मार्च, 2026) के दौरान बड़ी कामयाबी हासिल की है। एयरपोर्ट कमिश्नरेट की टीम ने ‘स्पॉट प्रोफाइलिंग’ और ‘एडवांस पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम’ (APIS) की मदद से नशीले पदार्थों और सोने की तस्करी के बड़े मामलों का भंडाफोड़ किया है।
बैंकॉक से आया करोड़ों का ‘नशा’
कस्टम्स की सबसे बड़ी कार्रवाई हाइड्रोपोनिक वीड को लेकर हुई।
बरामदगी: एक यात्री के पास से कुल 12.688 किलोग्राम नशीला पदार्थ बरामद किया गया।
कीमत: अंतरराष्ट्रीय अवैध बाजार में इस खेप की कीमत लगभग ₹12.688 करोड़ आंकी गई है।
कार्रवाई: यह यात्री बैंकॉक से मुंबई पहुंचा था। शक होने पर जब उसकी तलाशी ली गई, तो उसके पास से भारी मात्रा में ड्रग्स मिले। आरोपी को NDPS एक्ट, 1985 की सख्त धाराओं के तहत तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया है।
- सोने की तस्करी पर भी शिकंजा
नशीले पदार्थों के अलावा, अधिकारियों ने सोने की तस्करी की कोशिशों को भी नाकाम किया।
पकड़ा गया सोना: दो अलग-अलग मामलों में कुल 716 ग्राम सोना जब्त किया गया।
कीमत: इस सोने की बाजार में कीमत लगभग ₹1.10 करोड़ बताई जा रही है।
कार्यप्रणाली: ये दोनों यात्री अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से पहुंचे थे और सीमा शुल्क चोरी कर सोना शहर में ले जाने की फिराक में थे।
कस्टम्स की पैनी नजर
मुंबई कस्टम्स के अनुसार, यह सफलता यात्रियों के व्यवहार पर नजर रखने (Spot Profiling) और डेटा एनालिसिस (APIS) की वजह से मिली है। अधिकारियों का कहना है कि नशीले पदार्थों के सिंडिकेट को तोड़ने के लिए वे तकनीकी और जमीनी दोनों स्तरों पर सतर्क हैं।
मुख्य बिंदु – समय: 11 मार्च से 15 मार्च 2026 तक की कार्रवाई।
कुल ड्रग्स: 12.688 किलो (हाइड्रोपोनिक वीड)।
कुल गिरफ्तारियां: ड्रग्स मामले में 1 गिरफ्तारी।
कुल सोना: 716 ग्राम (₹1.10 करोड़)।



